Travel Time: ओडिशा की यात्रा पर जाने से पहले जान लें ‘Odisha’ की बेहद ही खूबसूरत जगहों के बारे में

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भारत का प्राचीन इतिहास अभी भी उसके मंदिरों, चैत्य और स्तूपों से ही प्रकट होती है। दो हजार साल पुरानी समृद्ध विरासत, राज्य मौर्य साम्राज्य से लेकर अब तक के सुनहरे इतिहास की झांकी पेश करता है ओडिशा Odisha।

ओडिशा बंगाल की खाड़ी से सटा भारत के पूर्वी कोने में स्थित एक शांतिपूर्ण राज्य है। तब से अब तक इस राज्य ने भारत के इतिहास में कई उतार-चढ़ाव देखे हैं। आज ओडिशा भारतीय संघ का सबसे तेज विकासशील राज्य है। प्राचीन स्मारकों, अनदेखे समुद्री तटों, सर्पिल नदियों, बड़े-बड़े झरनों के साथ ओडिशा राज्य आपको एक खूबसूरत और विविधतापूर्ण पर्यटन का न्योता देता है।

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ओडिशा की यात्रा आपको एक ऐसी धरती पर ले जाएगी, जहां भारतीय इतिहास की सबसे बड़ी और भयंकर लड़ाइयां (कलिंग युद्ध) लड़ी गई। जिसकी वजह से अशोक एक सम्राट से बौद्ध के मार्ग पर चलने वाले सबसे बड़े संत में तब्दील हुए।

 

ओडिशा कैसे पहुंचें

ओडिशा हर साल कई भारतीय और अंतरराष्ट्रीय पर्यटक आते हैं। ओडिशा कैसे पहुंचे, यह एक सामान्य प्रश्न है, जो कई लोग पूछते हैं। हालांकि, ओडिशा की स्थिति ऐसी है कि यहां पहुंचने में कोई दिक्कत नहीं है। ओडिशा कैसे पहुंचे से जुड़े आपके प्रश्नों का जवाब भी आपको आसानी से मिल जाएगा। ओडिशा जाने के लिए हवाई, रेल और सड़क, तीनों मार्ग उपलब्ध है।

 

ओडिशा में देखने लायक जगहें

ओडिशा में कई ऐसे महत्वपूर्ण आकर्षण हैं, जो अन्य राज्यों और देशों से आने वाले पर्यटकों को वहां खींच लाते हैं। ओडिशा के महत्वपूर्ण रुचिकर स्थानों में चिलका, भीतरकनिका, उदयगिरि की गुफाएं और महेंद्रगिरि प्रमुख हैं।

 

जगन्नाथ मंदिर

पुरी का जगन्नाथ मंदिर देखने देश-विदेश से हर साल लाखों लोग पहुंचते हैं। पुरी में सिर्फ यह एक मंदिर ही नहीं है, बल्कि कई और मंदिर भी पर्यटकों के आकर्षण का केंद्र है। जगन्नाथ मंदिर इस जगह के सबसे लोकप्रिय मंदिरों में से एक है। पुरी में हर साल निकलने वाली जगन्नाथ यात्रा को लेकर देश-दुनिया के लोगों में रोमांच रहता है। इसका हिस्सा बनने लाखों की संख्या में पुरी पहुंचते हैं।

 

कोणार्क मंदिर

कोणार्क में स्थित सूर्य मंदिर भारतीय राज्य ओडिशा के सबसे प्रसिद्ध मंदिरों में से एक है। चूंकि कोणार्क ओडिशा में स्थित है; यह तथा-कथित “पर्यटन के सुनहरे त्रिभुज” के तीन बिंदुओं में से एक है। इस त्रिभुज के दो अन्य बिंदु हैं- मंदिरों का शहर भुवनेश्वर और पुरी का भगवान जगन्नाथ मंदिर।

 

गुंदिचा घर मंदिर

पुरी का गुंदिचा घर मंदिर पुरी के सबसे महत्वपूर्ण पर्यटन आकर्षणों में से एक है। शहर में कई मंदिर है और यह मंदिर इस जगह के सबसे लोकप्रिय मंदिरों में गिना जाता है। पुरी के इस मंदिर जाने के लिए, इस शहर जाना जरूरी है। पुरी के सबसे पास का हवाई अड्डा भुवनेश्वर शहर में है।

 

लोकनाथ मंदिर

पुरी के सबसे ज्यादा रुचिकर स्थानों में से एक है- लोकनाथ मंदिर। पुरी में कई मंदिर हैं, जो इस जगह आने वाले पर्यटकों के बीच खासे लोकप्रिय है। पुरी का लोकनाथ मंदिर भगवान शिव की आराधना का स्थान है। इस वजह से, पुरी का यह मंदिर इस क्षेत्र में शिव मंदिर के तौर पर जाना जाता है।

 

दरिया हनुमान और सोनार गौरांग मंदिर

पुरी आने वाले पर्यटक अक्सर छुट्टियां बिताने दरिया हनुमान और सोनार गौरांग मंदिर जाना पसंद करते हैं। भारतीय उपमहाद्वीप के इस हिस्से में कई प्रसिद्ध मंदिर हैं। उनमें से ही एक है दरिया हनुमानऔर सोनार गौरांग मंदिर।

 

अर्द्धशनि मंदिर

पुरी आने वाले पर्यटकों के लिए आकर्षण का एक बड़ा केंद्र है अर्द्धशनि मंदिर। इस मंदिर की मुख्य संरचना बहुत बड़ी नहीं है। यह मंदिर पूरी तरह से सफेद है। पुरी के जगन्नाथ मंदिर से महज तीन किलोमीटर की दूरी पर है। यह इस क्षेत्र के सबसे महत्वपूर्ण मंदिरों में से एक है।

 

चिलका

ओडिशा के महत्वपूर्ण आकर्षणों में से एक है चिलका। जो भी पर्यटक छुट्टियां बिताने राज्य में आते हैं, उनके लिए यह पसंदीदा स्थान है। ओडिशा में चिलका झील के आसपास की प्राकृतिक सुंदरता देखते ही बनती है। इस वजह से ही ओडिशा आने वाले पर्यटक यहां जाए बिना नहीं रह सकते।

 

भीतरकनिका

ओडिशा राज्य में स्थित महत्वपूर्ण पर्यटन केंद्रों में से एक है भीतरकनिका। प्रकृति प्रेमियों को इस जगह जरूर जाना चाहिए। यहां पौधों और वन्य जीवों की एक विस्तृत शृंखला है।

 

महेंद्रगिरि

ओडिशा के प्रमुख आकर्षणों में एक है- महेंद्रगिरि। गजपति जिले के पार्लाखेमुंडी इलाके में स्थित है महेंद्रगिरि। समुद्र की सतह से 5000 फीट की ऊंचाई पर स्थित है यह जगह। यहां से आसपास के मनोरम और हैरतअंगेज कर देने वाले नजारे दिखते हैं।

 

खंडगिरि गुफाएं

ओडिशा में स्थित खंडगिरि गुफाएं प्राचीन काल से अपने समृद्ध धार्मिक इतिहास को पेश कर रही हैं। यह जगह भुवनेश्वर से महज 6 किमी की दूरी पर है। खंडगिरि की गुफाएं ओडिशा का अहम आकर्षण है, जो पर्यटकों को गुजरे वक्त में ले जाती हैं।

 

उदयगिरि गुफाएं

उदयगिरि की गुफाएं चट्टानों को काटकर बनाई गई 18 गुफाएं हैं। यह प्राचीन काल की धार्मिक विरासत को प्रदर्शित करती हैं। 135 फीट की ऊंचाई पर स्थित उदयगिरि पर्वत को प्राचीन काल में कुमारी पर्वत कहा जाता है।

 

 

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